पंचांग : कंगाल को भी धनवान बना सकती है वरुथिनी एकादशी, जानें पूजा का सबसे सटीक शुभ मुहूर्त

हैदराबाद में आज 13 अप्रैल 2026, सोमवार के दिन वैशाख मास के कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि का विशेष संयोग बन रहा है। यह दिन भगवान विष्णु को समर्पित माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस तिथि पर व्रत, पूजा और विष्णु आराधना का विशेष महत्व होता है। साथ ही नई वस्तुओं की खरीदारी, विशेषकर आभूषण लेना भी शुभ माना जाता है।
आज का पंचांग विवरण
- विक्रम संवत : 2082
- मास : वैशाख
- पक्ष : कृष्ण पक्ष की एकादशी
- वार : सोमवार
- योग : शुभ
- नक्षत्र : धनिष्ठा
- करण : बव
- चंद्र राशि : कुंभ
- सूर्य राशि : मीन
सूर्योदय और सूर्यास्त का समय
- सूर्योदय : 05:58 बजे
- सूर्यास्त : 06:46 बजे
चंद्र संबंधित समय
- चंद्रोदय : 28:03:06
- चंद्रास्त : 15:03:16
आज के प्रमुख काल
- राहुकाल : 07:34 से 09:10
- यमगंड : 10:46 से 12:22
आज का नक्षत्र और इसका प्रभाव
आज चंद्रमा कुंभ राशि में स्थित रहकर धनिष्ठा नक्षत्र में गोचर कर रहा है। यह नक्षत्र मकर राशि में 23:20 से शुरू होकर कुंभ राशि में 6:40 तक विस्तार लिए होता है।
धनिष्ठा नक्षत्र के देवता अष्टवसु माने जाते हैं और इस पर मंगल ग्रह का प्रभाव रहता है। इसी कारण यह नक्षत्र ऊर्जा, सक्रियता और प्रगति का प्रतीक माना जाता है।
आज का दिन नए कार्यों की शुरुआत, सामाजिक गतिविधियों में भागीदारी और संपर्क विस्तार के लिए अनुकूल माना जा सकता है। योजनाओं को आगे बढ़ाने और करियर से जुड़े महत्वपूर्ण निर्णय लेने के अवसर भी बन सकते हैं।
आज का वर्जित समय
आज के दिन कुछ विशेष समय को अशुभ माना गया है, जिनमें शुभ कार्यों से बचने की सलाह दी जाती है।
- राहुकाल : 07:34 से 09:10 बजे तक
इस अवधि में कोई भी नया या महत्वपूर्ण कार्य शुरू करना उचित नहीं माना जाता। इसके अलावा यमगंड, गुलिक, दुमुहूर्त और वर्ज्यम काल में भी शुभ कार्यों से बचना चाहिए, ताकि कार्यों में बाधा न आए और परिणाम अनुकूल रहें।









