Rule change: 1 अप्रैल से बदलेंगे क्रेडिट कार्ड के नियम, जानिए क्या-क्या होंगे बड़े बदलाव

Rule change from April 1: क्रेडिट कार्ड इस्तेमाल करने वालों के लिए एक बड़ा अपडेट है. आयकर विभाग (Income Tax Department) ने ‘ड्राफ्ट इनकम टैक्स रूल्स 2026’ में कुछ नए बदलावों का प्रस्ताव रखा है, जो 1 अप्रैल 2026 से लागू हो सकते हैं. इन नए नियमों के आने से आपके कार्ड इस्तेमाल करने के तरीके में काफी कुछ बदलाव हो सकता है. इसलिए सी भी तरह की रुकावट या परेशानी से बचने के लिए इन बदलावों को समय रहते समझ लेना बेहद जरूरी है.
टैक्स विभाग की सीधी नजर रहेगी
आयकर विभाग के नए ड्राफ्ट नियमों के अनुसार, 1 अप्रैल 2026 से क्रेडिट कार्ड इस्तेमाल करने वालों के लिए एक बड़ा बदलाव होने जा रहा है. अब अगर आप एक वित्तीय वर्ष में अपने एक या एक से अधिक क्रेडिट कार्ड के जरिए 10 लाख रुपये या उससे ज्यादा का पेमेंट करते हैं, तो बैंक इसकी सीधी जानकारी इनकम टैक्स विभाग को देंगे. आसान शब्दों में कहें तो भारी-भरकम क्रेडिट कार्ड बिल भरने वालों पर अब टैक्स विभाग की सीधी नजर रहेगी.
क्रेडिट कार्ड स्टेटमेंट होगा अनिवार्य
1 अप्रैल 2026 से नियमों में बदलाव के बाद पैन कार्ड बनवाने के लिए आवश्यक दस्तावेजों में भी बदलाव होगा. पहले जहां पैन कार्ड के लिए एड्रेस प्रूफ देना अनिवार्य था, वहीं अब क्रेडिट कार्ड स्टेटमेंट को भी मान्य कर दिया गया है.
क्रेडिट कार्ड से टैक्स जमा कर सकेंगे
अब तक आप अपना इनकम टैक्स केवल नेट बैंकिंग या डेबिट कार्ड से ही भर पाते थे, लेकिन नए नियमों के तहत अब क्रेडिट कार्ड से भी ऑनलाइन टैक्स जमा करने की सुविधा मिल सकती है. इससे टैक्सपेयर्स को भुगतान के लिए एक और आसान ऑप्शन मिल जाएगा.
क्रेडिट कार्ड के लिए पैन कार्ड अनिवार्य
इसके अलावा, यदि आप नए क्रेडिट कार्ड के लिए आवेदन करते हैं तो अब पैन कार्ड देना अनिवार्य होगा. यानी अब बिना पैन कार्ड के आपका क्रेडिट कार्ड जारी नहीं किया जाएगा, जिससे आपके वित्तीय कार्यों में रुकावट आ सकती है.
कंपनी का बिल भुगतान आपका हिस्सा माना जाएगा
अगर आपकी कंपनी आपको क्रेडिट कार्ड देती है और उसके बिल का भुगतान भी खुद करती है तो टैक्स के नए नियमों के अनुसार इसे आपकी कमाई का हिस्सा माना जा सकता है.









