कान्यकुब्ज समाज छत्तीसगढ़ के विकास में निभा रहा अहम भूमिका: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री Vishnu Deo Sai ने कहा है कि कान्यकुब्ज ब्राह्मण समाज का इतिहास बेहद गौरवशाली रहा है और यह समाज प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है। उन्होंने यह बात रायपुर के आशीर्वाद भवन में आयोजित कान्यकुब्ज शिक्षा मंडल के होली मिलन समारोह में कही। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस तरह के सामाजिक आयोजन लोगों को एकजुट करने के साथ-साथ नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत और परंपराओं से जोड़ने का अवसर भी देते हैं।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट सेवाएं देने वाले समाज के लोगों को सम्मानित भी किया। अपने संबोधन में Vishnu Deo Sai ने राज्य सरकार की कई योजनाओं और पहलों का भी उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि प्रदेश में गोधन संरक्षण और गौसेवा को बढ़ावा देने के लिए सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है। इसी दिशा में गौधाम योजना की शुरुआत की गई है। इस योजना के तहत प्रदेश के सभी जिलों में चरणबद्ध तरीके से गौधाम स्थापित किए जाएंगे, जहां बेसहारा और घुमंतू गौवंश को सुरक्षित आश्रय मिलेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि शासकीय भूमि पर स्थापित सभी गौधाम अब “सुरभि गौधाम” के नाम से जाने जाएंगे। यहां पशुपालन, हरा चारा उत्पादन और गोबर से उपयोगी उत्पाद बनाने से जुड़े प्रशिक्षण कार्यक्रम भी चलाए जाएंगे, जिससे स्वरोजगार के अवसर बढ़ेंगे और ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत होगी।
उन्होंने यह भी कहा कि छत्तीसगढ़ का प्रभु श्रीराम से विशेष संबंध है। यह माता कौशल्या का मायका और भगवान श्रीराम का ननिहाल है। मुख्यमंत्री ने बताया कि श्री रामलला दर्शन योजना के तहत अब तक 42 हजार से अधिक रामभक्तों को अयोध्या में दर्शन कराया जा चुका है।
अंत में Vishnu Deo Sai ने “बिजली बिल भुगतान समाधान योजना 2026” का जिक्र करते हुए बताया कि इस योजना से प्रदेश के 28 लाख से अधिक उपभोक्ताओं को करीब 757 करोड़ रुपये की राहत मिलेगी। कार्यक्रम में कई गणमान्य नागरिक और समाज के प्रतिनिधि बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।







